मेरी पहली प्रेम कहानी | My First Love Story in Hindi 2021

मेरी पहली प्रेम कहानी – My First Love Story in Hindi – जून का महीना होगा उस समय मैं कक्षा 12 में प्रवेश लेने के लिए शहर के स्कूल में जाता हूं। ‌कुछ दिनों के बाद में स्कूल में शिक्षा के लिए प्रवेश ले लेता हूं। सबसे अनजान होने की वजह से मैं चुपचाप लड़कियों की पीछे वाली टेबल पर बैठा था। लगभग एक माह बीत जाने के बाद मेरी दोस्ती मेरी क्लास के लड़के विक्रम, संदीप, राजेश और पवन से हो जाती है।

Love Story in Hindi | प्यार की शुरुआत –

 

एक दिन जब मैं अपने दोस्तों के साथ बाहर बैठकर बातचीत कर रहा था तभी अचानक मेरी निगाहें एक लड़की पर पड़ती है। मैं उसे देखकर दंग रह गया क्योंकि उसका चेहरा बिल्कुल मासूम सा लग रहा था और थोड़े लाल होठ मुझे उसका दीवाना बना रहे थे। वह लड़की मेरे पास से होकर गुजर जाती हैं। तब मैं अपने दोस्तों से उस लड़की के बारे में पूछता हूं।

तभी विक्रम ने जवाब दिया कि इस लड़की का नाम रितु है और यह अपने ही स्कूल में 11वीं क्लास में पढ़ती है। ‌ फिर क्या था मैं तो उसको देखने के लिए रोजाना बाहर उसी जगह पर आ जाता था। एक दिन ऐसा हुआ कि रितु गुलाबी सूट तथा काला सलवार पहनकर स्कूल आती हैं। मैं उसे देख कर ही मन ही मन प्यार करने लग गया। धीरे-धीरे मैंने सारी बातें अपने दोस्तों को बता दी।

चारों दोस्तों ने एक ही सुझाव दिया कि तुम रितु से प्यार करते हो इसलिए ही तुम्हें वह सबसे अच्छी लगती है। मैंने हां में अपना सर हिला दिया। धीरे-धीरे एक माह गुजर गया लेकिन रितु से अपने प्यार के बारे में कहने की हिम्मत नहीं जुटा पाया।

एक दिन जब हम स्कूल की दूसरी मंजिल पर घूम रहे थे तभी रितु सामने से आती हुई दिखाई देती है। मेरे सभी दोस्त मुझे रितु से प्रपोज करने के लिए कहते हैं लेकिन उस समय भी मैं कहने की हिम्मत नहीं जुटा पाता हूं और रितु मेरे सामने से होकर गुजर जाती है।

मैं क्लास में काफी होशियार था इसलिए टीचर भी मुझे ही सवाल पूछने के लिए खड़ा करते थे। मैं पूरी क्लास में एक-एक को खड़ा करके सवाल पूछता है। पूरी क्लास में होशियार होने की वजह से मुझे क्लास का मॉनिटर यानी सहायक बना दिया जाता है।

एक दिन जब मैं सवाल पूछ रहा था तभी रितु क्लास के अंदर आती है और अपनी दोस्त से कुछ बातचीत करके वापस चली जाती है। फिर मेरे दिमाग में विचार आया कि क्यों ना रितु की दोस्त को ही प्यार के बारे में बताया जाए।

My First Love Story in Hindi | रितु की दोस्त –

अगले दिन में जल्दी स्कूल पहुंच जाता हूं और रितु की दोस्त से ऐसे ही बातचीत करता हूं क्योंकि रितु की दोस्त मुझे अच्छी तरीके से जानती थी कि यह पढ़ने में काफी होशियार है। तभी मैं रितु की दोस्त से प्यार के बारे में सब कुछ बता देता हूं और और उससे रितु के जवाब के बारे में कहता हूं।

दो-तीन दिन गुजर जाने के बाद किसी प्रकार का कोई जवाब नहीं आता है। तब मैंने सोचा कि शायद अरे रितु मुझसे प्यार नहीं करती है।

मैंने फिर से रितु की दोस्त से पूछा कि रितु ने क्या जवाब दिया है, तो वह जवाब देती है कि कुछ भी नहीं कहा है। मेरे चारों दोस्तों को मैंने रितु की दोस्त के बारे में बताया तो उन्होंने कहा कि यह सबसे अच्छा रास्ता है।

फिर मैंने बताया कि कम से कम चार-पांच दिन हो गए लेकिन रितु ने कुछ भी जवाब नहीं दिया है। तभी मेरे दोस्त बोलते हैं कि अब तो रितु को भी पता है कि तुम उससे प्यार करते हो इसलिए तुम ही सीधा रितु से बात कर लो।

My First Love Story in Hindi | सीधे रितु से बात –

मैंने सोचा कि अगर मैं रितु से बात नहीं कर पाया तो शायद यह पूरा वर्ष यूं ही खराब हो जाएगा। अगले दिन जब मैं स्कूल गया तो सीधे रितु की क्लास के अंदर चला गया वहां पर रितु अकेली टेबल पर बैठी हुई थी। तब मैंने सोचा कि इससे अच्छा मौका मुझे कभी भी नहीं मिल सकता।

मैंने जल्दी से रितु से बोला कि मैं तुमसे प्यार करता हूं और इस बात का शायद आपको भी पता है। इस पर रितु ने जवाब दिया कि मैं भी तुमसे बहुत प्यार करती हूं लेकिन सबके सामने कहने से डरती थी।

इतनी बातचीत होने के बाद मैं वहां से निकल जाता हूं और हमारे प्यार के बारे में अपने सभी दोस्तों को बता देता हूं। लड़की का प्यार पाने की खुशी में मेरे सभी दोस्त मुझसे पार्टी मांग रहे थे। मैंने सबको बोल दिया कि लगभग एक माह बाद रितु का जन्मदिन है और उस दिन सभी को पार्टी दूंगा।

काफी समय बीत जाने के बाद हमारे प्यार के बारे में सभी स्कूल के विद्यार्थियों को पता चल गया था। तब क्या था मुझे चाहने वाले सभी रितु को भाभी कहकर बुलाने लग गए।

My First Love Story in Hindi | हम दोनों की स्कूल पढ़ाई पूरी –

मेरी और रितु की पढ़ाई पूरी होने के बाद दोनों अपने अपने घर चले गए लेकिन मिलने का सिलसिला फिर भी जारी रहा। मैं पढ़ाई करने के लिए शहर में ही किराए पर कमरा लेकर रहता था।

रितु जब भी बाजार में कुछ भी खरीदने आती तो वह मुझे फोन पर बता देती थी, जिसकी वजह से मैं रितु से कभी पार्क, बाजार, सिनेमाघर आदि में मिलता रहता था। इस तरह मिलने के बाद फिर से हमारी स्कूल पढ़ाई शुरू हो जाती है।

स्कूल के समय हमारा प्यार लगभग 2 साल चला उसके बाद रितु आगे की पढ़ाई के लिए कॉलेज में प्रवेश ले लेती है। इन 2 सालों में मैंने रितु को सब कुछ दिया जो वह मुझसे प्राप्त करना चाहती थी। हमारा प्यार इतना गहरा हो गया कि एक दूसरे के बिना एक दिन भी रहा नहीं जाता था।

लेकिन रितु के कॉलेज में एडमिशन लेने के बाद हम सप्ताह में एक दिन मिलने लगे। हमारे मिलने का दिन रविवार का था क्योंकि रविवार के दिन स्कूल तथा कॉलेज की छुट्टी होती थी।

My First Love Story in Hindi | कॉलेज में एडमिशन –

इस तरह मिलने के बाद मैं भी उसी कॉलेज में एडमिशन ले लेता हूं क्योंकि रितु भी उसी कॉलेज में पढ़ाई करती थी। कॉलेज में प्रवेश लेने के बाद फ़िर से मेरे और रितु के मिलने का सिलसिला दोबारा से शुरू हो गया।

इधर कॉलेज में भी सब लड़कों को पता चल गया था कि इनका प्यार काफी पुराना है। इसलिए सभी लड़के रितु को भाभी कहकर पुकारने लगे। रितु को भाभी के कहने पर किसी प्रकार का कोई गुस्सा और नाराजगी नहीं होती थी।

काफी गहरा प्यार होने की वजह से हम एक दूसरे से खुलकर मिलने लग जाते हैं। एक दिन जब रितु मेरे पास बैठी थी तब मैंने रितु से बोला कि तुम इस वर्ष परीक्षा मत देना। रितु ने जवाब दिया – क्यों?
इस पर मैंने जवाब दिया – अगर तुम इस साल परीक्षा नहीं दोगी तो हम दोनों एक ही क्लास में साथ-साथ पढ़ाई करेंगे।

इस बात को लेकर रितु मुझसे नाराज हो जाती हैं और वहां से उठ कर चली जाती है। मैं भी उसके पीछे-पीछे चला जाता हूं और उसे मनाने की कोशिश करता हूं लेकिन वह मुझसे कुछ भी नहीं कहती है। पूरी कोशिश करने के बाद भी रितु नाराज रहती है तो मैं भी गुस्सा होकर वहां से निकल जाता हूं।

मुझे पता था कि अब रितु अपनी पढ़ाई को लेकर काफी सीरियस रहती थी। शायद इसलिए ही वह परीक्षा ना देने की बात को लेकर इतना नाराज हो गई। एक सप्ताह हो गया लेकिन हम दोनों एक दूसरे से बातचीत भी नहीं करते हैं।

इस बात का पता मेरे दोस्तों को चल गया उन्होंने भी रितु को मनाने की पूरी कोशिश की लेकिन गुस्सा छोड़ने की बजाय उनसे भी नाराज हो जाती है। एक दिन जब मैं बाइक से कॉलेज जा रहा था और रितु मेरे सामने वाले ऑटो में बैठ कर कॉलेज जा रही थी।

My First Love Story in Hindi | रोड पर एक्सीडेंट –

मैं गुस्से में बाइक की स्पीड बढ़ाकर ऑटो से आगे निकल जाता हूं लेकिन थोड़ी दूर जाने के बाद मेरा एक्सीडेंट हो जाता है। एक्सीडेंट हो जाने के बाद काफी लोग इकट्ठा हो जाते हैं लेकिन कोई मुझे उठाने की कोशिश नहीं करता है। कई लोग इधर उधर की बातें कर रहे थे तो कई लोग एंबुलेंस को बुलाने के लिए फोन कर रहे थे। तभी रितु भी वहां पहुंच जाती है और लोगों से पूछती हैं कि – किसका एक्सीडेंट हुआ है?

तभी मेरा एक दोस्त वहां पहुंच जाता है और मुझे उठाने की कोशिश करता है लेकिन काफी गहरी चोट लगने की वजह से मैं खड़ा नहीं हो पाता हूं। वह भीड़ से निकलकर मेरे दोस्तों को बुलाने के लिए फोन करता है तभी रितु उससे पूछती है कि – किसका एक्सीडेंट हुआ है? तब मेरा दोस्त गुस्से में आकर कह देता है कि आपके बॉयफ्रेंड का। इतने में रितु भागकर मेरे पास आ जाती हैं और मेरे दोस्त से मुझे उठाने के लिए कहती हैं।

रितु और मेरा दोस्त मुझे उठा कर हॉस्पिटल ले जाते हैं उसके बाद मैं बेहोश हो जाता हूं। एक-दो घंटे बाद जब मुझे होश आता है तब मेरा दोस्त बताता है कि आप के इलाज के लिए रितु ने ही पैसे दिए हैं। इतने में ही रितु वहां पर आ जाती हैं लेकिन इतने दिन नाराज होने की वजह से मैं भी उससे बात नहीं करता हूं। अपने दोस्त से उसके द्वारा इलाज में दिए गए पैसे देने के लिए अपना एटीएम कार्ड दे देता हूं और बोलता हूं कि इसको एटीएम से पैसे निकाल कर दे देना।

इतने में रितु बिना सोचे समझे मुझे एक चाटा मार देती है और फिर रोकर मेरे गले से लिपट जाती है। मेरे सभी दोस्त दंग रह जाते हैं कि रितु ने पहली बार चाटा मारा है लेकिन सभी काफी खुश होते हैं कि हम दोनों वापस मिल गए हैं। इसके बाद मैंने रितु को कभी भी पढ़ाई छोड़ने की बात नहीं कहीं क्योंकि मुझे पता था कि अगर मैंने अब की बार ऐसी कोई गलती कर दी तो वह मुझे हमेशा के लिए छोड़ कर चली जाएगी।

My First Love Story in Hindi | अचानक शादी की बात –

साथ-साथ पढ़ाई करने के बाद हम दोनों ने काफी रोमांस किया था। अगले दिन जब रितु ने मुझसे अचानक कहा – मैं तुमसे शादी करना चाहती हूं।
मैंने पूछा कि – आज तुमको क्या हुआ है?
तब रितु ने बताया – मेरे घरवालों ने मेरी शादी के लिए गांव का लड़का ढूंढ लिया है जो शहर में ही पढ़ाई करता है।
इस बात को सुनकर में चुपचाप खड़ा रहा और रितु मुझसे बार-बार एक ही सवाल पूछती रही – मैं सिर्फ तुमसे ही शादी करना चाहती हूं।

फिर भी मैं चुपचाप खड़ा रहा लेकिन रितु के बार-बार कहने के बाद मैंने बोला – मैं अपने घर वालों से बात करूंगा।
इस पर रितु ने जवाब दिया कि – मैं तुमसे शादी करने के लिए तैयार हूं तो घर वालों से पूछने की क्या जरूरत है।
मैंने बैठकर रितु को समझाया की हम दोनों घरवालों को मना कर ही शादी करेंगे। अच्छी तरह से समझाने के बाद भी रितु भी मान गई और बोली तुम अपने घर वालों से बात कर लेना।

रविवार के दिन में अपने घर पहुंचता हूं और शाम को अपने माता-पिता के सामने रितु का जीक्र करने की सोचता हूं लेकिन उससे पहले ही मेरे पिता रितु के बारे में सब कुछ बता देते हैं। मेरे पिताजी कहते हैं कि – रितु और तुम काफी दिनों से दोनों एक साथ पढ़ते हो और एक दूसरे से बहुत प्यार करते हो। यह सब बातें सुनकर मैं दंग रह गया और सोचने लगा कि आखिर यह सारी बातें मेरे पिताजी को किसने बताई।

पापा के पूछने पर मैंने हां में अपना सर हिला दिया और फिर अपनी मम्मी के पास चला गया। फिर मैंने मम्मी से पूछा कि आपको इन सारी बातों का पता कैसे चला है? तब मम्मी ने जवाब दिया कि आपके दोस्त ने बताया था कि तुम दोनों भाग कर शादी करोगे।

इन सारी बातों को सुनकर मुझे अपने दोस्त पर काफी गुस्सा आया लेकिन बाद में सोचने लगा कि अच्छा ही काम किया है। फिर मुझे पता चला कि उस दिन रितु ने मुझसे शादी की बातें क्यों की थी।

वह इसलिए की रितु शादी के लिए जिस लड़के का जिक्र कर रही थी, वह में ही था। मेरे पिताजी ने मेरे दोस्त से रितु के पापा का नंबर मांगा और उन्हें फोन पर रितु और मेरी सारी बातें बता दी थी। इसके बाद रितु के माता-पिता मेरे माता-पिता से मिलने आए थे और उस दिन ही यह रिश्ता तय किया था। अब मेरे पूरी तरह से समझ आ गया था कि इसलिए ही रितु भागकर शादी करने के लिए जिद कर रही थी।

अब तो मुझे दोगुनी खुशी महसूस हो रही थी कि मेरी शादी मेरी गर्लफ्रेंड से ही होगी। मैं अपनी जेब से फोन निकालकर रितु को फोन लगाता हूं लेकिन रितु का फोन स्विच ऑफ आता है। अगले दिन मैं वापस शहर के लिए रवाना हो जाता हूं और अपने कमरे पर पहुंचने के बाद कॉलेज के लिए रवाना हो जाता हूं।

जैसे ही मैं कॉलेज के गेट पर पहुंचता हूं तो रितु सामने ही खड़ी दिखाई देती है। मैंने रितु को बताया कि शाम को तुमको फोन किया था लेकिन तुम्हारा फोन स्विच ऑफ आ रहा था।

My First Love Story in Hindi | रितु को शादी की सच्चाई बताना –

थोड़ी देर बातें करने के बाद रितु को वहां से बाइक पर बिठाकर थोड़ी दूर एक कॉफी शॉप पर ले जाता हूं और बताता हूं कि – मेरे पिताजी ने भी मेरे लिए एक लड़की ढूंढ ली है।
रितु से मजाक करने के लिए कहता हूं कि – मैं उस लड़की से पहले भी कई बार मिल चुका हूं और वह लड़की भी मुझसे बहुत प्यार करती है।
इतना कहने के बाद रितु कुर्सी सेे गुस्से में खड़ी होने लगती है, तभी उसका हाथ पकड़कर वापस बैठा लेता हूं।

थोड़ा मुस्कुराने के बाद कहता हूं कि तुम्हारे घरवालें तुमसे जिस लड़के से शादी की बात कर रहे थे वह मैं ही हूं। यह सब सुनते ही रितु खड़ी होकर मेरे गले से लिपट जाती है।

कॉफी शॉप पर इस नजारे को सब लोग देख रहे थे और हम दोनों को एक दूसरे से गले मिलते हुए देख ताली बजाते हैं। फिर मैं और रितु वहां से निकल जाते हैं और कॉलेज पहुंच जाते हैं। कुछ ही दिनों बाद पता चला कि मार्च माह में हम दोनों की शादी है। फिर क्या था मार्च माह में हम दोनों ने शादी कर ली और आज खुशी जीवन गुजार रहे हैं।

दोस्तों अगर आपको मेरी लव स्टोरी (Love Story in Hindi) पसंद आई है तो कमेंट जरूर करें और इस तरह की रोमांटिक कहानियां, लव स्टोरी पढ़ने के लिए हमारे साथ जुड़े रहे। अपने दोस्तों के साथ शेयर जरूर करें ताकि उनको भी इस लव स्टोरी के बारे में पता चल सके।

यह भी पढ़ें – Vikash-Priyanka – An Untold Love Story in Hindi 2021

Leave a Comment


 

x